मुंगेली। गुरुवार की देर रात जब अधिकांश लोग नींद में थे, तब जिले की आपातकालीन सेवाओं की असली परीक्षा शुरू हो चुकी थी। किसी को भनक तक नहीं थी कि डायल-112 कंट्रोल रूम में आने वाली एक सामान्य सी दुर्घटना की सूचना के पीछे स्वयं जिला पुलिस प्रमुख की निगाहें लगी हुई हैं।
दरअसल, वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक भोजराम पटेल ने डायल-112 सेवा की कार्यक्षमता, रिस्पांस टाइम और आपातकालीन परिस्थितियों में पुलिस की तत्परता परखने के लिए एक अनोखा और औचक निरीक्षण किया। उन्होंने स्वयं आवेदक बनकर डायल-112 पर कॉल किया और सड़क दुर्घटना की सूचना दी। रात्रि 11:38 बजे एसएसपी भोजराम पटेल ग्राम कोदवाबानी पहुंचे, जो थाना जरहागांव, लालपुर और सिटी कोतवाली क्षेत्र के मध्य स्थित है। यहां से उन्होंने डायल-112 पर फोन कर सड़क दुर्घटना होने तथा घटनास्थल पर भीड़ एकत्रित होने की जानकारी दी।
सूचना मिलते ही कंट्रोल रूम की सक्रियता शुरू हुई और मात्र तीन मिनट के भीतर रिस्पांस कॉल प्राप्त हुआ। पुलिस टीम ने बताया कि वह 15 से 20 मिनट में मौके पर पहुंच जाएगी। इसके बाद रात 11:44 बजे डायल-112 वाहन के रवाना होने का संदेश भी प्राप्त हुआ। निर्धारित प्रक्रिया के अनुरूप कार्रवाई करते हुए डायल-112 की टीम लगभग 22 मिनट के भीतर ग्राम कोदवाबानी पहुंच गई। मौके पर पहुंचने के बाद टीम उस समय आश्चर्यचकित रह गई जब उन्हें पता चला कि सूचना देने वाला कोई आम नागरिक नहीं, बल्कि स्वयं जिले के वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक हैं।

निरीक्षण के दौरान एसएसपी भोजराम पटेल डायल-112 वाहन में बैठे, स्क्रीन पर दर्ज की जा रही जानकारियों का अवलोकन किया और पूरी कार्यप्रणाली को बारीकी से परखा। उन्होंने आरक्षक सुनील खाण्डे सहित उपस्थित स्टाफ को आवश्यक दिशा-निर्देश भी दिए। रात्रि का यह निरीक्षण यहीं समाप्त नहीं हुआ। करीब 1:10 बजे बस स्टैंड मुंगेली में एक अन्य दुर्घटना की सूचना डायल-112 को प्राप्त हुई। सूचना मिलते ही एसएसपी स्वयं डायल-112 वाहन में सवार होकर घटनास्थल के लिए रवाना हो गए और रात 1:20 बजे मौके पर पहुंचकर निरीक्षण किया।

इस दौरान 108 एम्बुलेंस सेवा के पहुंचने पर उसकी कार्यप्रणाली और रिस्पांस व्यवस्था का भी परीक्षण किया गया। निरीक्षण के दौरान डायल-112 वाहन चालक निर्धारित वर्दी में नहीं पाया गया, जिस पर एसएसपी ने नाराजगी जताते हुए ड्यूटी के दौरान अनिवार्य रूप से निर्धारित यूनिफॉर्म धारण करने के निर्देश दिए। निरीक्षण के बाद वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक भोजराम पटेल ने डायल-112 स्टाफ को स्पष्ट निर्देश दिए कि यह सेवा आमजन की सुरक्षा और सहायता के लिए संचालित की जा रही है। महिला सुरक्षा, सड़क दुर्घटनाओं, आपातकालीन परिस्थितियों और अपराध संबंधी सूचनाओं पर तत्काल एवं प्रभावी रिस्पांस सुनिश्चित किया जाए। घटनास्थल पर शीघ्र पहुंचकर आवश्यक वैधानिक कार्रवाई की जाए तथा नागरिकों के साथ सौम्य, संवेदनशील और जिम्मेदार व्यवहार कर पुलिस और जनता के बीच बेहतर विश्वास कायम किया जाए।
मुंगेली पुलिस का कहना है कि आमजन को त्वरित सहायता उपलब्ध कराने तथा डायल-112 सेवा को और अधिक प्रभावी एवं जनहितकारी बनाने के लिए इस प्रकार के निरीक्षण और मूल्यांकन आगे भी निरंतर जारी रहेंगे।





