बालोद। छत्तीसगढ़ के बालोद जिले में कानून-व्यवस्था बनाए रखने और असामाजिक गतिविधियों पर नियंत्रण के लिए पुलिस द्वारा लगातार कार्रवाई की जा रही है। पुलिस अधीक्षक किरण गंगाराम चव्हाण के निर्देशन में जिले के विभिन्न क्षेत्रों में प्रतिबंधात्मक कार्रवाई करते हुए कुल 36 प्रकरणों में 40 व्यक्तियों के विरुद्ध कार्रवाई की गई है। इसके अलावा आबकारी अधिनियम के तहत सात प्रकरण दर्ज कर सात आरोपियों को गिरफ्तार किया गया है। बालोद पुलिस ने महिलाओं और बालिकाओं की सुरक्षा को प्राथमिकता देते हुए अपहरण से संबंधित दो मामलों में भी वैधानिक कार्रवाई किए जाने की जानकारी दी है।
पुलिस से मिली जानकारी के अनुसार, जिले में शांति और कानून-व्यवस्था बनाए रखने के उद्देश्य से भारतीय नागरिक सुरक्षा संहिता (BNSS) की धारा 170 के तहत 15 प्रकरणों में 15 व्यक्तियों के विरुद्ध प्रतिबंधात्मक कार्रवाई की गई है। यह कार्रवाई पुलिस अधीक्षक किरण गंगाराम चव्हाण के निर्देशन, अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक चन्द्रकांत गवर्ना के मार्गदर्शन और राजपत्रित पुलिस अधिकारियों के पर्यवेक्षण में की गई। पुलिस का कहना है कि जिले में असामाजिक गतिविधियों पर नियंत्रण रखने और शांति व्यवस्था बनाए रखने के लिए नियमानुसार कार्रवाई की जा रही है।
बालोद पुलिस ने भारतीय नागरिक सुरक्षा संहिता की धारा 126 और 135(3) के तहत भी कार्रवाई की है। इन धाराओं के अंतर्गत कुल 21 प्रकरणों में 25 व्यक्तियों के विरुद्ध प्रतिबंधात्मक कार्रवाई की गई। इस प्रकार धारा 170 के 15 प्रकरण और धारा 126 तथा 135(3) के 21 प्रकरण मिलाकर कुल 36 मामलों में 40 व्यक्तियों के खिलाफ कार्रवाई की गई है। पुलिस के अनुसार, इन कार्रवाइयों का उद्देश्य जिले में शांति व्यवस्था बनाए रखना और कानून-व्यवस्था से संबंधित संभावित समस्याओं पर नियंत्रण रखना है।
अवैध शराब से संबंधित गतिविधियों के खिलाफ भी बालोद पुलिस ने कार्रवाई की है। पुलिस द्वारा आबकारी अधिनियम के तहत सात अलग-अलग प्रकरण दर्ज किए गए हैं। इन मामलों में सात आरोपियों को गिरफ्तार कर उनके विरुद्ध वैधानिक कार्रवाई की गई है। हालांकि, पुलिस की ओर से जारी जानकारी में इन प्रकरणों में जब्त शराब की मात्रा और आरोपियों के नामों का विवरण नहीं दिया गया है। बालोद पुलिस ने नागरिकों से अपील की है कि अवैध शराब की बिक्री से संबंधित जानकारी तत्काल पुलिस को दें, ताकि आवश्यक कार्रवाई की जा सके।
बालोद पुलिस ने महिलाओं और बालिकाओं की सुरक्षा को अपनी प्राथमिकताओं में शामिल किया है। पुलिस की ओर से जारी जानकारी के अनुसार, महिला एवं बालिका संबंधी अपराधों के अंतर्गत अपहरण के दो प्रकरण दर्ज हैं। इनमें पहला मामला 18 वर्ष छह माह की एक युवती के गुम होने से संबंधित है। वहीं, दूसरा मामला 17 वर्ष एक माह की नाबालिग बालिका को कथित तौर पर बहला-फुसलाकर ले जाने का है। दोनों मामलों में पुलिस द्वारा नियमानुसार वैधानिक कार्रवाई की जा रही है। पुलिस ने स्पष्ट किया है कि महिलाओं और बालिकाओं से संबंधित अपराधों की सूचना मिलने पर आवश्यक कार्रवाई की जाएगी




