अमलेश्वर। भिलाई। नेवई भिलाई निवासी प्रसिद्ध पंथी गायिका एवं समाज सेविका श्रीमती शांता सोनवानी को सामाजिक जागरूकता, शिक्षा के प्रचार-प्रसार और सर्व समाज सेवा के क्षेत्र में उल्लेखनीय योगदान के लिए डॉ. भीमराव अंबेडकर समता सम्मान से सम्मानित किया गया।
भारतीय दलित साहित्य अकादमी छत्तीसगढ़ के तत्वावधान में 13 सितंबर को धमतरी में आयोजित शिक्षक स्वाभिमान दिवस समारोह में प्रदेश की विभिन्न विभूतियों को उनके उल्लेखनीय सामाजिक एवं रचनात्मक योगदान के लिए सम्मानित किया गया। इसी क्रम में शांता सोनवानी को यह सम्मान प्रदान किया गया।
शांता सोनवानी लंबे समय से पंथी गीत एवं गायन के माध्यम से सामाजिक जागरूकता का संदेश जन-जन तक पहुंचा रही हैं। उनके गीतों में शिक्षा, सामाजिक समानता, जागरूकता और समाजसेवा जैसे विषय प्रमुखता से शामिल रहते हैं। पंथी कला के माध्यम से उन्होंने सामाजिक सरोकारों को लोगों तक पहुंचाने का प्रयास किया है।
समाजसेवा के क्षेत्र में भी उनकी सक्रिय भूमिका रही है। शिक्षा एवं सामाजिक चेतना के साथ सर्व समाज की सेवा के प्रति उनके योगदान को देखते हुए भारतीय दलित साहित्य अकादमी छत्तीसगढ़ ने उन्हें डॉ. भीमराव अंबेडकर समता सम्मान के लिए चयनित किया।
सम्मान मिलने पर शांता सोनवानी ने इसे अपने सामाजिक एवं सांस्कृतिक कार्यों के प्रति प्रोत्साहन बताते हुए कहा कि वे आगे भी पंथी गीत और समाजसेवा के माध्यम से शिक्षा, जागरूकता और सामाजिक समरसता का संदेश पहुंचाने के लिए कार्य करती रहेंगी।







