अमलेश्वर। भिलाई। प्रॉपर्टी डीलर योगेश सूर्यवंशी पर हुए जानलेवा हमले के मामले में भिलाई नगर पुलिस ने करीब ढाई महीने से फरार चल रहे दो आरोपियों को गिरफ्तार किया है। गिरफ्तार आरोपियों में प्रखर चंद्राकर और उसका साथी सुधांशु उर्फ बॉम्सी शामिल हैं। प्रखर चंद्राकर का नाम महादेव ऑनलाइन सट्टा ऐप से जुड़े सौरभ चंद्राकर के रिश्तेदार के रूप में सामने आया है। हालांकि मौजूदा गिरफ्तारी प्रॉपर्टी डीलर पर हमले के मामले में की गई है।
पुलिस के मुताबिक, 2 जुलाई 2026 की रात योगेश सूर्यवंशी सेक्टर-6 स्थित पेट्रोल पंप से बाइक में पेट्रोल भरवाकर घर लौट रहे थे। DPS चौक के पास आरोपियों ने उनका पीछा किया और पीछे से हमला कर उन्हें बाइक से गिरा दिया। इसके बाद धारदार हथियार और डंडे से मारपीट की गई। घटना को लेकर भिलाई नगर थाने में बीएनएस की धारा 109(1), 296, 3(5) और 61(2) के तहत अपराध दर्ज किया गया था। पुलिस जांच में घटना के पीछे पुराना विवाद और आपसी रंजिश सामने आने की बात कही गई है।
घटना के बाद पुलिस ने अमन मूर्ति और हरीश यादव को पहले ही गिरफ्तार कर लिया था। वहीं प्रखर चंद्राकर और सुधांशु उर्फ बॉम्सी फरार चल रहे थे। मुखबिर से मिली सूचना और उपलब्ध साक्ष्यों के आधार पर पुलिस ने दोनों की तलाश कर उन्हें गिरफ्तार किया। दोनों को न्यायालय के समक्ष पेश किया गया।पुलिस ने गिरफ्तार आरोपियों की निशानदेही पर वारदात में इस्तेमाल एक धारदार हथियार, एक डंडा और एक मोटरसाइकिल बरामद करने की जानकारी दी है। पुलिस के अनुसार प्रखर चंद्राकर के खिलाफ पूर्व में 12 आपराधिक प्रकरण दर्ज होने की जानकारी भी सामने आई है।
प्रखर चंद्राकर और सुधांशु की गिरफ्तारी के बाद इस मामले में नामजद चारों आरोपियों की गिरफ्तारी हो चुकी है। पुलिस ने सभी आरोपियों के खिलाफ प्रकरण में वैधानिक कार्रवाई की है। मामले की विवेचना जारी है।







