खंडवा। हिंदी सिनेमा के महान गायक, अभिनेता और हरफनमौला कलाकार किशोर कुमार के जन्मदिन पर उनकी जन्मस्थली खंडवा एक बार फिर सुरों और यादों से गुलजार हो गई। देश-विदेश में मौजूद उनके करोड़ों प्रशंसकों ने अपने प्रिय कलाकार को अनोखे अंदाज में श्रद्धांजलि अर्पित की।
किशोर कुमार की समाधि स्थल पर सुबह से ही प्रशंसकों की भारी भीड़ जुटने लगी। लोगों ने फूल अर्पित किए, केक काटा और किशोर दा की पसंदीदा दूध-जलेबी का भोग लगाकर उन्हें याद किया।
समाधि स्थल पर लगा श्रद्धालुओं और प्रशंसकों का मेला
किशोर कुमार के जन्मदिन को लेकर खंडवा में हर साल विशेष आयोजन किए जाते हैं। इस बार भी सुबह से ही समाधि स्थल पर प्रशंसकों का जमावड़ा देखने को मिला।
देश के अलग-अलग हिस्सों से आए लोगों ने—
- किशोर कुमार के गीत गाकर उन्हें श्रद्धांजलि दी।
- समाधि पर पुष्प अर्पित किए।
- उनके जीवन और संगीत यात्रा को याद किया।
- अपने पसंदीदा कलाकार के प्रति सम्मान व्यक्त किया।
किशोर दा के प्रशंसकों के लिए यह केवल जन्मदिन नहीं, बल्कि संगीत के एक युग को याद करने का अवसर है।
मुंबई से विदेश तक पहुंचे किशोर प्रेमी
किशोर कुमार के प्रति लोगों की दीवानगी आज भी कम नहीं हुई है। जन्मदिन के अवसर पर मुंबई, कोलकाता, दिल्ली, उत्तर प्रदेश सहित देश के कई राज्यों से प्रशंसक खंडवा पहुंचे।
कई लोग विदेशों से भी किशोर कुमार को श्रद्धांजलि देने के लिए आए।
प्रशंसकों ने कहा कि किशोर कुमार की आवाज में ऐसा जादू था, जो आज भी लोगों के दिलों को छू लेता है। उनके गीत हर उम्र के लोगों को अपनी ओर आकर्षित करते हैं।
पैतृक मकान देखने पहुंचे प्रशंसक
समाधि स्थल के अलावा किशोर कुमार के बचपन से जुड़ी यादों को संजोए उनके पैतृक मकान पर भी लोगों की भीड़ पहुंची।
खंडवा के बॉम्बे बाजार स्थित उनके पुराने घर को देखने के लिए प्रशंसक उत्साहित नजर आए। लोगों ने वहां पहुंचकर किशोर कुमार के शुरुआती जीवन और संघर्षों को याद किया।
शाम को सजेगी ‘किशोर नाइट’ की महफिल
जन्मदिन के मौके पर खंडवा में सांस्कृतिक कार्यक्रमों का भी आयोजन किया जा रहा है।
नगर निगम और किशोर सांस्कृतिक प्रेरणा मंच के संयुक्त तत्वावधान में सुबह से सुरमई श्रद्धांजलि कार्यक्रम आयोजित किया गया।
शाम को पुरानी अनाज मंडी में भव्य ‘किशोर नाइट’ कार्यक्रम होगा, जिसमें संगीत प्रेमियों को किशोर कुमार के अमर गीतों की प्रस्तुति सुनने का मौका मिलेगा।
कार्यक्रम में प्रसिद्ध कलाकार अपनी आवाज से किशोर दा के यादगार नगमों को जीवंत करेंगे।
मुख्य आकर्षण—
- पार्श्व गायक विनोद राठौर की प्रस्तुति।
- पी. गणेश के गीत।
- प्रगति जोशी की संगीतमय प्रस्तुति।
किशोर कुमार की आवाज आज भी लोगों के दिलों में जिंदा
किशोर कुमार ने हिंदी सिनेमा को कई यादगार गीत दिए। उनकी खास शैली, अलग अंदाज और बहुमुखी प्रतिभा ने उन्हें भारतीय संगीत जगत का अमर सितारा बना दिया।
गायक होने के साथ-साथ वह अभिनेता, निर्देशक और निर्माता भी रहे। उनकी कला की खासियत यही थी कि वह हर तरह के गीतों में अपनी अलग पहचान छोड़ जाते थे।
खंडवा के लिए गौरव का दिन
किशोर कुमार का खंडवा से गहरा रिश्ता रहा है। यही वजह है कि हर साल उनके जन्मदिन पर शहर में उत्सव जैसा माहौल बन जाता है।
उनके प्रशंसकों का मानना है कि किशोर कुमार केवल एक कलाकार नहीं, बल्कि संगीत की ऐसी विरासत हैं, जिसे आने वाली पीढ़ियां भी याद रखेंगी।
खंडवा में आयोजित यह आयोजन उनकी लोकप्रियता और लोगों के दिलों में बसे उनके स्थान का प्रमाण है। आज भी जब किशोर दा के गीत गूंजते हैं, तो उनकी आवाज करोड़ों लोगों को पुराने सुनहरे दौर की याद दिला देती है।







