उत्तर प्रदेश की राजधानी लखनऊ का एक वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है। दरअसल, लखनऊ में राजभवन के सामने रोड पर एक महिला ने बच्चे को जन्म दिया। गर्भवती महिला अपने पति के साथ रिक्शा से अस्पताल जा रही थी, तभी अचानक तेज प्रसव पीड़ा होने लगी। इसके बाद सड़क से गुजरने वाली महिलाओं ने इस महिला की मदद की और वहीं सड़क पर पर्दा लगाकर प्रसव करवाया। इसी समय इलाज के लिए अस्पताल में कॉल की गई, लेकिन आधा घंटा बीत जाने के बाद भी कोई एंबुलेंस मौके पर नहीं पहुंची। वीडियो सामने आने के बाद जिला प्रशासन ने इस मामले का संज्ञान लिया और महिला को अस्पताल में भर्ती करवाया। इस दौरान नवजात शिशु की मौत हो गई।
प्रदेश की राजधानी में स्वास्थ्य सेवाओं का इस कदर बिगड़े हाल को लेकर अब विपक्ष की ओर से सवाल उठाए जा रहे हैं। विपक्ष का दावा है कि राजभवन के सामने पैदा हुए बच्चे को समय पर इलाज नहीं मिलने से उसकी मौत हो गई। यूपी की मुख्य विपक्षी पार्टी सपा ने इस घटना का वीडियो शेयर करते हुए बीजेपी सरकार पर हमला किया और इसे स्वास्थ्य व्यवस्था की नाकामी बताया गया। समाजवादी पार्टी ने ट्वीट किया, “अस्पताल जाने के लिए एंबुलेंस नहीं मिलने पर लखनऊ में राजभवन के गेट पर ही गर्भवती महिला ने बच्चे को जन्म दिया, जिसकी मृत्यु हो गई। बीजेपी सरकार और स्वास्थ्य विभाग की नाकामी राज्यपाल के घर के बाहर उजागर हो गई। बच्चें की मौत की दोषी ये नाकारा सरकार है, पीड़िता को न्याय मिलना चाहिए।”
इस मामले को लेकर यूपी के डिप्टी सीएम ब्रजेश पाठक ने कहा, “महिला साढ़े चार महीने की गर्भवती थी। वह दर्द से तड़प रही थी और उसने रिक्शे पर प्रीमैच्योर बेबी को जन्म दिया। हम सभी चिकित्सा सहायता प्रदान कर रहे हैं। हमने एम्बुलेंस के समय पर नहीं आने के मामले की जांच के आदेश दिए हैं। अगर लापरवाही हुई तो किसी को बख्शा नहीं जाएगा। वहीं, जहां बच्चा का अंतिम संस्कार किया गया वहां का दौरा करने के बाद डिप्टी सीएम ने कहा कि यह एक बहुत ही दर्दनाक घटना है। मैंने जांच के आदेश दे दिए हैं।









