बलौदाबाजार कलेक्टर चंदन कुमार ने आज संयुक्त जिला कार्यालय के सभागार में खनिज विभाग के कामकाज की विस्तृत समीक्षा की। इसके साथ ही जिला टास्क फोर्स की बैठक भी हुई. खनिज विभाग के अधिकारियों के समन्वय से जिले के सभी क्षेत्र जो खनिजों के अवैध खनन के प्रति संवेदनशील हैं, उन्हें चिन्हित किया जायेगा तथा खनिजों के अवैध खनन/परिवहन/भण्डारण के विरूद्ध नियमानुसार सख्त कार्यवाही की जायेगी। समस्त अनुविभागीय अधिकारियों, तहसीलदारों एवं थाना प्रभारियों को कार्यवाही हेतु निर्देश दिये गये तथा उप संचालक खनिज प्रशासन बलौदाबाजार को आवश्यक पत्र जारी करने हेतु निर्देशित किया गया।
उप निदेशक (खनन प्रा.) ने इस वित्तीय वर्ष में राज्य सरकार द्वारा निर्धारित वित्तीय लक्ष्य 320.00 करोड़ रूपये के विरूद्ध माह अगस्त 2023 में 104.00 करोड़ रूपये (33 प्रतिशत) की प्राप्ति की जानकारी दी। इसके साथ ही इस वित्तीय वर्ष में खनिजों के अवैध उत्खनन/परिवहन/भंडारण की सूचना के रूप में अवैध उत्खनन के कुल 16 प्रकरणों 204 में कुल 57 लाख 32 हजार 8 सौ अट्ठाईस रुपये की वसूली की जानकारी दी गयी. अवैध परिवहन के 4 प्रकरण तथा अवैध भण्डारण के 4 प्रकरण। . उपरोक्त प्रकरणों में खनिज रेत के अवैध उत्खनन के 05 प्रकरण, अवैध परिवहन के 110 प्रकरण एवं अवैध भण्डारण के 03 प्रकरण की जानकारी दी गई। अगस्त एवं सितम्बर माह में अवैध उत्खनन के 01 प्रकरण एवं अवैध परिवहन के 34 प्रकरण बरामद किये गये। जाने की सूचना दे दी गई।
कलेक्टर द्वारा माननीय उच्च न्यायालय छत्तीसगढ़ में याचिका क्रमांक 21/2020 एवं 66/2023 दायर की गई। शासन एवं निदेशक भूतत्व एवं खनिकर्म द्वारा जारी आदेश दिनांक 24.07.2023 एवं 04.06.2023 के अनुपालन में अब खनिजों के अवैध उत्खनन/परिवहन/भण्डारण के दर्ज प्रकरणों की पुनरावृत्ति की स्थिति में खनिज अधिनियम लागू किया गया है . 1957 की धारा 21(1) एवं (2) के तहत 2 से 5 वर्ष की सजा एवं जुर्माना पाने के लिए सक्षम न्यायालय में परिवाद प्रस्तुत किया जाए, प्रभावित क्षेत्रों को चिन्हित कर जिलों में प्रतिबंधात्मक नोटिस बोर्ड एवं बैनर लगाए जाएं। अवैध खनन एवं संवेदनशील क्षेत्रों द्वारा। नियमों में सख्त कार्रवाई के प्रावधान करना, ग्राम पंचायत स्तर पर सार्वजनिक घोषणा करना, पहुंच मार्गों को अवरुद्ध करने के उपाय करना, खनिज राजस्व, पुलिस, परिवहन विभाग के समन्वय से कार्रवाई करना, पुल/पुलिया/एनीकट और किसी भी प्रकार की खुदाई पाए जाने पर कार्रवाई करना। प्रतिबंधित क्षेत्रों में जैसे अन्य अस्थाई निर्माण आदि तो इस पर पूर्णतया प्रतिबंध लगाया जाए तथा कार्यवाही के दौरान वर्दी पहनने आदि विभिन्न बिंदुओं पर खनिज विभाग के आरक्षकों को निर्देश दिए गए।
जिस पर उप संचालक द्वारा बताया गया कि खनिज विभाग द्वारा की गई कार्यवाही के आधार पर 05 ग्राम पंचायत (सुनसुनिया, चिचपोल, डोगरीडीह, परसापाली एवं बलौदा) को खनिज के अवैध उत्खनन से संभावित प्रभावित/संवेदनशील क्षेत्र के रूप में चिन्हांकित किया गया है। जिले में रेत. एवं 05 ग्राम पंचायतों (कुम्हारी, खपरीडीह, गिधपुरी, खैरा एवं नावाडीह) को खनिज चूना पत्थर के संभावित अवैध खनन प्रभावित/संवेदनशील क्षेत्र के रूप में चिन्हित कर अवैध खनन प्रभावित/संवेदनशील क्षेत्रों में चेतावनी/चेतावनी सूचना बोर्ड/बोर्ड लगाने, सरपंचों को नाकाबंदी करने के निर्देश जारी किये गये। संवेदनशील क्षेत्रों में पहुंच मार्गों का निर्माण कर संवेदनशील ग्राम पंचायतों में मुनादी कराने तथा थाना प्रभारियों एवं तहसीलदारों को अपने-अपने प्रभार क्षेत्रों में खनिजों के अवैध उत्खनन/परिवहन को रोकने के लिए उचित कार्रवाई करने के संबंध में मुनादी कराने को कहा। जारी निर्देशों के संबंध में जानकारी दी गई तथा बताया गया कि जिले में खनिजों के अवैध उत्खनन/परिवहन/भंडारण को रोकने हेतु निर्देशानुसार हर संभव कार्यवाही की जायेगी।









